Skip to content
Samay Rath

Samay Rath

News portal of Chhattisgarh

  • Home
  • छत्तीसगढ़
  • राष्ट्रीय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • मनोरंजन
  • Home
  • Feature
  • मछली बीज उत्पादन से किसान रयतु राम ने लिखी सफलता की नई कहानी
  • Feature
  • छत्तीसगढ़

मछली बीज उत्पादन से किसान रयतु राम ने लिखी सफलता की नई कहानी

Abhinesh Pandey August 4, 2026

 

*बस्तर के किसान ने दो माह में अर्जित किए 30 हजार रूपए, मत्स्यपालन से बढ़ी आय और आत्मनिर्भरता*

Advertisement
Advertisement 1 Advertisement 2 Advertisement 3 Advertisement 4 Advertisement 5 Advertisement 6 Advertisement 7 Advertisement 8 Advertisement 9 Advertisement 10 Advertisement 11 Advertisement 12

*शासकीय योजनाओं से मिली सहायता और नई पहचान, अब व्यवसाय विस्तार की तैयारी*

रायपुर, 04 अगस्त 2026/ मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में कृषि एवं संबद्ध क्षेत्रों को प्रोत्साहित करने के लिए संचालित विभिन्न योजनाओं का लाभ उठाकर प्रदेश के किसान नवाचारों के माध्यम से अपनी आय में वृद्धि कर रहे हैं। इसी कड़ी में बस्तर जिले के ग्राम पंचायत सिवनी (हिरलाभाटा) निवासी प्रगतिशील किसान रयतु राम ने मछली बीज (स्पॉन) उत्पादन अपनाकर आत्मनिर्भरता की नई मिसाल पेश की है। कम समय में बेहतर आय अर्जित कर उन्होंने यह साबित किया है कि आधुनिक तकनीक और विभागीय मार्गदर्शन के साथ मत्स्यपालन किसानों के लिए लाभकारी आजीविका का सशक्त माध्यम बन सकता है।

*एक एकड़ तालाब से दो माह में मिली 30 हजार रूपए की आय*

रयतु राम ने अपनी कुल 5 एकड़ कृषि भूमि में से लगभग एक एकड़ क्षेत्र में बने तालाब में इस वर्ष मछली बीज उत्पादन का कार्य शुरू किया। उन्होंने बताया कि इस सीजन में तालाब में लगभग 30 पैकेट स्पॉन डाले गए। अब तक वे लगभग 60 किलोग्राम मछली बीज 500 रूपए प्रति किलोग्राम की दर से बेच चुके हैं, जिससे उन्हें 30 हजार रूपए की आय प्राप्त हुई है। तालाब में अभी भी 40 से 50 किलोग्राम मछली बीज उपलब्ध है, जिसकी बिक्री से उन्हें 20 से 25 हजार रूपए अतिरिक्त आय मिलने की उम्मीद है।

*संघर्ष के बाद मिली सफलता*

रयतु राम ने बताया कि शुरुआती दौर में उन्हें कई चुनौतियों का सामना करना पड़ा। तालाब में तिलापिया जैसी अवांछित मछलियों की मौजूदगी, बोरवेल की सुविधा का अभाव और तकनीकी जानकारी की कमी के कारण अपेक्षित सफलता नहीं मिल सकी। लेकिन इस बार उन्होंने तालाब की वैज्ञानिक ढंग से सफाई की, समय पर दाना-पानी की व्यवस्था की तथा मत्स्यपालन विभाग के तकनीकी मार्गदर्शन का पालन किया। इसके परिणामस्वरूप उन्हें मछली बीज उत्पादन में उल्लेखनीय सफलता मिली।

*अब व्यवसाय विस्तार की तैयारी*

इस सीजन की सफलता से उत्साहित रयतु राम अब अपने खेत में एक नया तालाब तैयार कर मछली बीज उत्पादन का विस्तार करने की योजना बना रहे हैं। उनका कहना है कि यदि बाजार में बीज की मांग और विभागीय सहयोग इसी प्रकार मिलता रहा, तो वे इस व्यवसाय को बड़े स्तर पर विकसित करेंगे। इससे उनकी आय में और वृद्धि होगी तथा आसपास के किसानों को भी गांव में ही गुणवत्तापूर्ण मछली बीज आसानी से उपलब्ध हो सकेगा।

*अन्य मत्स्यपालकों के लिए भी बनी प्रेरणा*

मत्स्यपालन विभाग की स्पॉन संवर्धन योजना के अंतर्गत रयतु राम के गांव के मनकी बघेल, दयमती बघेल और जग्गु मौर्य भी लाभान्वित होकर मछली बीज उत्पादन के माध्यम से अतिरिक्त आय अर्जित कर रहे हैं। इन किसानों की सफलता से क्षेत्र में मत्स्यपालन के प्रति रुचि बढ़ी है और यह गतिविधि ग्रामीणों के लिए आय संवर्धन का प्रभावी माध्यम बनती जा रही है।

Post navigation

Previous खेल अधोसंरचना की मजबूती और खेलों के लिए बेहतर वातावरण तैयार करने मुख्यमंत्री खेल उत्कर्ष मिशन के लिए 100 करोड़ का प्रावधान
Next हाथीदांत तस्करी पर वन विभाग की बड़ी कार्रवाई

Related Stories

कलिंगा विश्वविद्यालय ने इंडक्शन प्रोग्राम 2026 का सफलतापूर्वक आयोजन किया
  • Feature
  • छत्तीसगढ़

कलिंगा विश्वविद्यालय ने इंडक्शन प्रोग्राम 2026 का सफलतापूर्वक आयोजन किया

August 5, 2026
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में कैबिनेट की बैठक में अनेक महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए –
  • Feature
  • छत्तीसगढ़

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में कैबिनेट की बैठक में अनेक महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए –

August 5, 2026
मैट्स विश्वविद्यालय में “रॉक्स एंड मिनरल्स” विषय पर विशेष व्याख्यान संपन्न
  • Feature
  • छत्तीसगढ़

मैट्स विश्वविद्यालय में “रॉक्स एंड मिनरल्स” विषय पर विशेष व्याख्यान संपन्न

August 5, 2026

R.O. No. 13910/215

Samvad Advertisement
×

Recent Posts

  • कलिंगा विश्वविद्यालय ने इंडक्शन प्रोग्राम 2026 का सफलतापूर्वक आयोजन किया
  • मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में कैबिनेट की बैठक में अनेक महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए –
  • मैट्स विश्वविद्यालय में “रॉक्स एंड मिनरल्स” विषय पर विशेष व्याख्यान संपन्न
  • कर्तव्यनिष्ठ होकर जनसेवा एवं सुशासन के लिए जमीनी स्तर पर करें बेहतर कार्य : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय
  • विशेष लेख: नवजात का पहला सुरक्षा कवच- स्तनपान और इसका सामाजिक महत्व

You may have missed

कलिंगा विश्वविद्यालय ने इंडक्शन प्रोग्राम 2026 का सफलतापूर्वक आयोजन किया
  • Feature
  • छत्तीसगढ़

कलिंगा विश्वविद्यालय ने इंडक्शन प्रोग्राम 2026 का सफलतापूर्वक आयोजन किया

August 5, 2026
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में कैबिनेट की बैठक में अनेक महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए –
  • Feature
  • छत्तीसगढ़

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में कैबिनेट की बैठक में अनेक महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए –

August 5, 2026
मैट्स विश्वविद्यालय में “रॉक्स एंड मिनरल्स” विषय पर विशेष व्याख्यान संपन्न
  • Feature
  • छत्तीसगढ़

मैट्स विश्वविद्यालय में “रॉक्स एंड मिनरल्स” विषय पर विशेष व्याख्यान संपन्न

August 5, 2026
कर्तव्यनिष्ठ होकर जनसेवा एवं सुशासन के लिए जमीनी स्तर पर करें बेहतर कार्य : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय
  • Feature
  • छत्तीसगढ़

कर्तव्यनिष्ठ होकर जनसेवा एवं सुशासन के लिए जमीनी स्तर पर करें बेहतर कार्य : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

August 5, 2026

Editor: Abhinesh Pandey
Contact: +91 97700 80071
Mail: abhi80071@gmail.com

Disclaimer: साइट के कुछ तत्वों में उपयोगकर्ताओं द्वारा प्रस्तुत सामग्री ( समाचार / फोटो / विडियो आदि ) शामिल होगी . समय रथ इस तरह के सामग्रियों के लिए कोई ज़िम्मेदार नहीं स्वीकार करता है। समय रथ में प्रकाशित ऐसी सामग्री के लिए संवाददाता / खबर देने वाला स्वयं जिम्मेदार होगा, समय रथ या उसके स्वामी, मुद्रक, प्रकाशक, संपादक की कोई भी जिम्मेदारी नहीं होगी. न्यूज़ वेबसाइट में ली गई कुछ फोटो इन्टरनेट से ली जाती है जिनमे किसी कापीराइट के उल्लंघन की मंशा नहीं है सभी विवादों का न्याय क्षेत्र रायपुर होगा.
  • Home
  • छत्तीसगढ़
  • राष्ट्रीय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • मनोरंजन
  • Facebook
  • Twitter
  • Linkedin
  • VK
  • Youtube
  • Instagram
Copyright © All rights reserved. | DarkNews by AF themes.