रायपुर।
पिछले आठ वर्षों से लगातार असहाय, निराश्रित व बीमार बुजुर्गों, मुक पशुओं व अनाथ बच्चों के लिए कार्य कर रही संस्था ‘आर्टिस्टिक बाईब्ज फाउण्डेशन द्वारा वर्तमान में दावड़ा कॉलोनी, रायपुर में किराए के भवन में मनोहर जीवन कल्याण वृद्ध निवास संचालित किया जा रहा है। आश्रम का संचालन तृप्ति लुनिया के निर्देशन में किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि वर्तमान में यहां दस वृद्ध एकदम पारिवारिक माहौल में हंसी-खुशी के साथ-साथ निवास कर रहे हैं। स्थान कम होने के कारण और बुजुर्गों को यहां लेना संभव नहीं हो पाता है। भविष्य में संस्था द्वारा अधिक क्षमता वाले वृद्ध निवास की योजना के तहत गांव सोनपैरी में नया वृद्ध निवास बनाया जाना प्रस्तावित है। करीब 100 निराश्रित वृद्धों के लिए यहां स्थान रहेगा।

इसके अलावा वहां उनके अध्ययन के लिए पुस्तकालय, चिकित्सा कक्ष, मनोरंजन हेतु हॉल, खुला लॉन आदि भी बनाया जाना प्रस्तावित है बुजुर्गों के स्वास्थ्य, रुचि, खान-पान, मनोरंजन को ध्यान में रखते हुए वहां सारी सुविधाओं को जुटाने का प्रयास किया जाएगा। ये सारा कार्य संस्था के सदस्यों, सहभागियों व अन्य सेवाभावी लोगों के सहयोग से किया जाएगा। इसमें अधिक से अधिक लोगों की सहभागिता हो इस हेतु संस्था ने एक ईंट अभियान शुरू करने का निर्णय लिया है। इसके अंतर्गत कोई भी सेवाभावी जन अपनी इच्छानुसार एक ईंट से लेकर किसी भी संख्या तक अपनी ओर से सहयोग कर सकते हैं अधिकाधिक लोगो की भावना वृद्ध निवारा से संलग्न हो इस उद्देश्य से यह अभियान प्रारंभ किया जा रहा है।
संस्था द्वारा प्रतिवर्ष 22 दिसंबर को जीना इसी का नाम है कार्यक्रम कराया जाता है जिसमें रायपुर के विभिन्न वृद्धाश्रमों के बुजुगों के लिए आकर्षक व मनोरंजक गेम्स, सांस्कृतिक कार्यक्रम आदि होते हैं। इस के साथ कोरोना काल में शुरू से ही बेजुबान पशुओं को रोटी खिलाने का कार्य शुरू किया गया था जो अब तक अनवरत जारी है। रोटी खिलाने के लिए संस्था के पास खुद की एक ई-रिक्सा भी है जिसमें प्रतिदिन रोटी बनाकर बेजुबान पशुओं को घुम-घूमकर खिलाई जाती हैं।
